राजस्थान की जनजातियाँ Ø राजस्थान में सर्वाधिक जनजातियाँ उदयपुर में निवास करती है., सबसे कम बीकानेर में Ø जिले की कुल जनसंख्या में प्रतिशत के हिसाब से सर्वाधिक जनजातियाँ बाँसवाडा जिले में निवास करती है. तथा न्यूनतम नागौर में. Ø सबसे शिक्षित जनजाति मीणा. मीणा - जयपुर, स.माधोपुर, अलवर, उदयपुर, चित्तौडगढ, डूंगरपुर, कोटा, बूंदी, आदि. भील - बाँसवाडा, डूंगरपुर, उदयपुर, सिरोही, चित्तौडगढ, भीलवाड़ा. गरासिया - डूंगरपुर, चित्तौडगढ, बाँसवाडा, उदयपुर. सांसी - भरतपुर सहरिया - कोटा, बारां डामोर - डूंगरपुर, बाँसवाडा. कंजर - कोटा, बूंदी, झालावाड, भीलवाड़ा, अलवर, उदयपुर, अजमेर. कथौडी - बारां डामोर, कथौडी, कालबेलिया जनजातियाँ डामोर : - Ø बाँसवाड़ा और डूंगरपुर जिले की सीमलवाडा पंचायत समिति में निवास करती है. Ø मुखी – डामोर जनजाति की पंचायत का मुखिया Ø ये लोग अंधविश्वासी होते है. Ø ये लोग मांस और शराब के काफी शौक़ीन होते है. कथौडी – Ø यह जनजाति बारां जिले और दक्षिणी-पश्चिम राजस्थान में निवास करते है. Ø मुख्य व्यवसाय – खेर के वृक...
शिक्षा वह शेरनी का दूध है जिससे जितना पिओगे उतना दहाड़ोगे